Abhishek Upadhyay ब्रजेश पाठक ने आँख बंद करके बिना कोई नाम लिए शब्द भेदी बाण छोड़ा,
तो लक्ष्मीकांत बाजपेयी ने बाण की नोक पर फोटो और पहचान का सुतली बम चिपका कर,
उसे ब्रह्मोस की सुपरसोनिक ‘गाइडेड’ मिसाइल में तब्दील कर दिया!!
बाजपेयी जी से पत्रकारों ने पूछा कि क्या बटुक ब्राह्मणों की चोटी खींचने वालें पर कार्यवाही होनी चाहिए?
पंडित जी ने तुरंत अपने शब्दों की ऑटोमैटिक मशीन गन योगी आदित्यनाथ की ओर घुमा दी,
और एक लाचार मुस्कुराहट के साथ बता दिया कि-
“कार्यवाही करने या कराने का अधिकार तो मुख्यमंत्री के पास है।”
इसी बहाने पहली बार बीजेपी के किसी दिग्गज नेता ने ऑन रिकॉर्ड स्थापित कर दिया,
कि बटुक ब्राह्मणों की चोटी खींचने के दोषियों के खिलाफ कार्यवाही आखिर क्यों नही हो पा रही है?
वो कौन है जो अधिकार होने के बावजूद एक्शन नहीं ले रहा है?
